आहत मां की मौत ने परिवार और मोहल्ले में मचा दी शोक की लहर
कानपुर|कानपुर में बिठूर थाना क्षेत्र के शिवनगर में आर्थिक तंगी के चलते रामनवमी पर इकलौते बेटे एकांश का मुंडन न करा पाने से आहत मां स्वाति सिंह (22) ने छत के पंखे से साड़ी का फंदा बनाकर जान दे दी। पति के अनुसार वह कई रोज पहले से बेटे के मुंडन का सपना देख रही थी। पत्नी की इच्छा को देखते हुए उन्होंने कई लोगों से उधार मांगा लेकिन कोई देने को तैयार नहीं हुआ। इससे आहत होकर स्वाति ने खुदकुशी कर ली। पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।मूलरूप से मेघनीपुरवा चौबेपुर निवासी मजदूर पति धीरेंद्र सिंह यादव शिवनगर मंधना में किराये का कमरा लेकर रहते हैं। धीरेंद्र ने पुलिस को बताया कि उनके एक वर्षीय बेटे एकांश का रामनवमी के दिन शुक्रवार को मुंडन करवाना था। इसके लिए प्रयास के बाद भी रुपयों की व्यवस्था नहीं हो पाई। इसे लेकर स्वाति सुबह से ही उदास थी। दोपहर बाद वह पैसे की व्यवस्था के लिए फिर से घर से बाहर चला गए। कई लोगों से पैसे मांगे लेकिन कोई पैसे देने को तैयार नहीं हुआ।
पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
निराश होकर घर से थोड़ी दूर खाली प्लॉट में जाकर बैठ गए। दोपहर करीब एक बजे बगल के कमरे में किराये पर रहने वाली रश्मि ने एकांश के रोने की आवाज सुनी तो उसने खिड़की से झांक कर देखा। स्वाति का शव फंदे से लटका नजर आया। धीरेंद्र ने बताया कि गांव में घर के सामने रहने वाली स्वाति सिंह से 21 मार्च 2023 को कोर्ट मैरिज की थी। इसके बाद से दोनों के घरवालों ने उनसे रिश्ता खत्म कर लिया था । बिठूर इंस्पेक्टर अशोक कुमार सरोज ने बताया कि शव पोस्टमार्टम भेज दिया गया है।
एकांश को गोद में लेकर सिसकता रहा धीरेंद्र
धीरेंद्र एकांश को गोद में लेकर कभी स्वाति के शव की तरफ देखता कभी एकांश को चूमता तो कभी उसे दूध की बोतल से दूध पिलाता। यह दृश्य देखकर पुलिसकर्मियों के अलावा पड़ोसियों की आंखें नम हो गई। बदहवास हालत में धीरेंद्र ने कहा कि लोग अपने बच्चों के लिए क्या-क्या नहीं करते, लेकिन वह अपने इकलौते बेटे का मुंडन तक नहीं करा सका। अब जीने का क्या मतलब है।
शव देखने से इन्कार कर भगाया
जिंदा होने की आस में धीरेंद्र ने पड़ोसी की मदद से स्वाति को फंदे से उतारा और निजी अस्पताल ले गया। वहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। इसके बाद वह निजी वाहन से शव लेकर पैतृक गांव मेघनीपुरवा गया, जहां उसके और स्वाति के घरवालों ने शव देखने तक से इन्कार कर भगा दिया। वह फिर से शव लेकर मंधना आ गया। जानकारी होने के बाद मकान ललित कटियार ने 112 पर सूचना दी।
आज का राशिफल: 3 अप्रैल 2026 को किन राशियों की चमकेगी किस्मत
विकसित भारत की कल्पना हो रहा है साकार
औजार खरीदी अनुदान योजना- विदिशा के श्रमिक देवेंद्र शर्मा को ₹5000 की सहायता, कार्य में बढ़ी दक्षता
चारधाम यात्रा में गैस की भारी डिमांड, सरकार ने बढ़ाया अलर्ट
अमरकंटक ताप विद्युत गृह चचाई ने वर्ष 2025-26 में दिखाया मास्टर क्लास प्रदर्शन
वन विभाग की बड़ी उपलब्धि : बारनवापारा का रामपुर ग्रासलैंड फिर हुआ काले हिरणों से आबाद
सर्वाधिक परिवारो को रोजगार, सर्वाधिक मानव दिवस का रोजगार सहित सर्वाधिक दिव्यांगजनों को रोजगार देने के मामले में कबीरधाम प्रदेश में प्रथम स्थान पर
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्टेट हैंगर परिसर स्थित हनुमान मंदिर में किया नमन
मंत्री रह चुके और विधायक शामिल, मध्य प्रदेश बीजेपी ने घोषित किए नए प्रदेश प्रवक्ता
धर्म नगरी वाराणसी में महान शासक विक्रमादित्य के जीवन चरित्र मंचन तैयारी पूर्ण