हरदा में करणी सेना का आंदोलन, 50 हजार कार्यकर्ता जुटे, शहर छावनी में तब्दील
हरदा : इसी साल जुलाई में करणी सेना कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज के विरोध और 21 सूत्रीय मांगों को लेकर हरदा में रविवार को नेहरू स्टेडियम में सुबह से करणी सेना का जन क्रांति आंदोलन शुरू हो गया. कई जिलों से कार्यकर्ता हरदा में जमा हुए हैं. करणी सेना प्रमुख जीवन सिंह शेरपुर आयोजन स्थल के मंच पर पहुंच गए हैं. आंदोलन मे राजपूत समाज की महिलाएं भी बड़ी संख्या में शामिल हो रही हैं.
आंदोलन में सर्व समाज के लोग भी शामिल
करणी सेना के इस आंदोलन में सर्व समाज के लोग भी शामिल हो रहे हैं. हरदा में पहली बार किसी आंदोलन मे इतने लोग शामिल हो रहे हैं. शहर के नेहरू स्टेडियम मे हो रहे इस आंदोलन मे लोगों को बैठने की भी जगह नहीं मिल रही है. लगभग 50 हजार लोग स्टेडियम में मौजूद हैं. आंदोलन में मध्य प्रदेश के लगभग सभी जिलों के अलावा अन्य राज्यों से भी लोग पहुंच रहे हैं.
करणी सेना प्रमुख भूख हड़ताल पर
करणी सेना ने 21 सूत्रीय मांगों के लेकर ये आंदोलन शुरू किया है. करणी सेना प्रमुख जीवन सिंह शेरपुर 14 दिसंबर से ही भूख हड़ताल पर है. आंदोलन मे भूख हड़ताल पर बैठने वाले लोगों की संख्या बढ़ सकती है. जिला प्रशासन के अनुसार आंदोलन के लिए मात्र एक दिन की परमिशन दी है लेकिन जीवन सिंह शेरपुर का कहना है "सरकार ने हमारी मांगें नहीं मानी तो आंदोलन आगे भी जारी रहेगा." अब जिला प्रसासन क्या कदम उठाएगा, इस पर लोगों की निगाहें हैं.
5 माह पहले हुए लाठीचार्ज से गुस्से में करणी सेना
मामले के अनुसार राजपूत समाज के एक युवक ने हीरा खरीदा था. आरोप है कि एक व्यापारी द्वारा असली हीरा बदल कर नकली हीरा थमा दिया गया. थाने मे शिकायत भी की गई लेकिन करणी सेना के लोगों ने कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाया और 12 और 13 जुलाई को थाने का घेराव किया. इस दौरान पुलिस ने लाठीचार्ज किया था. करणी सेना के प्रमुख जीवन सिंह शेरपुर भी लाठीचार्ज किया गया था.
पुलिस ने किए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम
वहीं, करणी सेना के जनक्रांति आंदोलन को लेकर प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं. कानून व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से पूरे शहर में कड़ी निगरानी रखी जा रही है. प्रशासन ने जिले में 5 स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की है. प्रदर्शन स्थल से लेकर जिले के सभी प्रवेश और निकास मार्गों तक पुलिस की कड़ी नजर है. एक दिन पहले पुलिस ने फ्लैग मार्च निकाला, इसमें 3 जिलों की पुलिस के साथ ही 10 कंपनियां शामिल रहीं.
असम के मुख्यमंत्री पर राहुल गांधी का तीखा वार, कहा- सबसे भ्रष्ट नेताओं में एक
बिहार में राजनीतिक हलचल: 15 तारीख को नए सीएम का शपथ ग्रहण, प्रधानमंत्री की मौजूदगी की चर्चा
मामले में अदालत का अहम हस्तक्षेप, गिरफ्तारी पर ब्रेक
ट्रैफिक नियमों का सख्त संदेश, दुर्ग में बड़ी कार्रवाई
श्रमिकों का उग्र प्रदर्शन, नोएडा में हिंसा—5 वाहन जलाए, दिल्ली पुलिस हाई अलर्ट पर
स्पिन के साथ पेस का ट्विस्ट, क्रुणाल की स्मार्ट रणनीति
सरकारी दफ्तरों में नहीं होगा कामकाज, 14 अप्रैल को अवकाश