कांग्रेस की रणनीति बैठक में थरूर नदारद, उठे सवाल amid मोदी सरकार पर हमले की योजना
नई दिल्ली। 21 जुलाई से मानसून सत्र की शुरुआत हो रही है। विपक्ष के तेवर को देखकर लग रहा हैं कि मानसून सत्र धमाकेदार और हंगामेदार होगा। कांग्रेस ने अभी से रणनीति बना ली है। इस लेकर कांग्रेस की मंगलवार को एक अहम बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता सोनिया गांधी ने की। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से लेकर राहुल गांधी बैठक में शामिल हुए, मगर शशि थरूर बैठक से नदारद रहे।
दरअसल संसद के मानसून सत्र में कांग्रेस ने पहलगाम से लेकर बिहार वोटर लिस्ट पर मोदी सरकार को घेरने की तैयारी कर ली है। कांग्रेस ने फैसला किया कि 21 जुलाई से आरंभ हो रहे संसद के मानसून सत्र के दौरान वे पहलगाम हमले के आतंकियों के बारे में अब तक पता नहीं चलने, ऑपरेशन सिंदूर को रोकने और बिहार में जारी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान और कुछ अन्य मुद्दों को प्रमुखता से उठाएगी।
इस बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष खरगे लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, राज्यसभा में पार्टी के उपनेता प्रमोद तिवारी और महासचिव जयराम रमेश, लोकसभा में कांग्रेस के मुख्य सचेतक के सुरेश और सचेतक मणिकम टैगोर आदि नेताओं ने भाग लिया। मगर बैठक में शशि थरूर गायब रहे। अब सवाल है कि जब कांग्रेस की कोर टीम मोदी सरकार के खिलाफ रणनीति बना रही थी, तब शशि थरूर कहां गायब थे? इसका जवाब है कि थरूर देश से बाहर हैं। इसलिए आज 15 जुलाई की बैठक में शामिल नहीं हुए हैं। पार्टी को इसकी जानकारी दे दी गई है।
बैठक के बाद राज्यसभा में कांग्रेस के उपनेता तिवारी ने कहा कि देश यह पूछ रहा है कि पहलगाम में 26 महिलाओं के मांग का सिंदूर उजाड़ने वाले आतंकी कहां हैं और अब तक उनके खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं हुई? उन्होंने कहा कि यह भी मुद्दा है कि अमेरिका के दबाव में ऑपरेशन सिंदूर को रोका गया।
एविएशन सेक्टर में बड़ा झटका, स्पिरिट एयरलाइंस का ऑपरेशन बंद
महिला टी20 वर्ल्ड कप: भारत की 15 सदस्यीय टीम घोषित, मजबूत स्क्वॉड मैदान में
विश्वविद्यालय का नया कदम, मोदी विचारधारा और RSS इतिहास शामिल
लंदन में भारतीय प्रतिभा को मिला अंतरराष्ट्रीय मंच
ऑस्ट्रेलियाई प्रतिनिधि बोले—भारत की विविधता है सबसे बड़ी ताकत
Financial Fraud Case: कमलेश पारेख प्रत्यर्पण, CBI की बड़ी कार्रवाई
क्या गर्मी में ग्रीन-टी से बढ़ेगी गर्मी? एक्सपर्ट की राय
IPL 2026 में राहुल का धमाका, रोहित-कोहली भी नहीं कर सके ऐसा
हेल्थ टूरिज्म में भारत की बड़ी छलांग, 2030 तक 16 अरब डॉलर का बाजार